100 New Sainik Schools in PPP Mode: List & Admission 2026

"Rajnath Singh announces 100 new sainik schools in ppp mode".

देश के रक्षा मंत्री श्री राजनाथ सिंह ने भारत की शिक्षा और रक्षा प्रणाली को मजबूत करने के लिए एक ऐतिहासिक कदम उठाया है। सरकार ने 100 नए सैनिक स्कूल (100 New Sainik Schools) खोलने की मंजूरी दी है, जो PPP (Public-Private Partnership) मोड में संचालित किए जाएंगे। इस योजना का मुख्य उद्देश्य छात्रों को कम उम्र से ही सेना के अनुशासन, देशभक्ति और उच्च स्तरीय शिक्षा से जोड़ना है।

PPP Mode क्या है और यह कैसे काम करेगा? अक्सर पेरेंट्स उलझन में रहते हैं कि PPP मोड क्या है। आसान शब्दों में कहें तो:

  • इन स्कूलों को प्राइवेट संस्थाएं (NGOs), निजी स्कूल और राज्य सरकारें मिलकर चलाएंगी।
  • इनका प्रबंधन और पाठ्यक्रम (Curriculum) सैनिक स्कूल सोसाइटी के नियमों के अनुसार होगा।
  • यह स्कूल रक्षा मंत्रालय के साथ मिलकर काम करेंगे ताकि बच्चों को NDA और अन्य रक्षा सेवाओं के लिए तैयार किया जा सके।

PPP मोड वाले सैनिक स्कूलों के क्या फायदे हैं?

Benefits of PPP Mode Sainik Schools for Students

इन नए स्कूलों के आने से शिक्षा के स्तर में काफी सुधार देखने को मिलेगा:

  • बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर: प्राइवेट भागीदारी होने से बच्चों को आधुनिक क्लासरूम, बेहतर खेल के मैदान और एडवांस्ड साइंस लैब मिलेंगी।
  • अनुशासन और संस्कार: बच्चों को शुरुआत से ही ‘Officer Like Qualities’ (OLQ) सिखाई जाएंगी।
  • स्थानीय छात्रों को मौका: अब बच्चों को सैनिक स्कूल की शिक्षा पाने के लिए अपने राज्य से दूर नहीं जाना पड़ेगा।

AISSEE 2026 की तैयारी कैसे करें?

AISSEE 2026 की तैयारी कैसे करें?

अगर आप इन 100 नए स्कूलों में से किसी में भी एडमिशन चाहते हैं, तो आपको AISSEE की परीक्षा पास करनी होगी। इसकी तैयारी के लिए:

  1. Syllabus को समझें: कक्षा 6 और 9 के लिए सिलेबस अलग होता है। मैथ्स और इंटेलिजेंस पर खास ध्यान दें।
  2. Mock Tests: जितने ज्यादा पिछले साल के पेपर सॉल्व करेंगे, उतना ही कॉन्फिडेंस बढ़ेगा।
  3. The Prime Classes Gwalior: ग्वालियर में हमारी कोचिंग में हम बच्चों को इन नए स्कूलों के बदलते पैटर्न के हिसाब से तैयार कर रहे हैं।

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इन स्कूलों का चयन कैसे हुआ है?

रक्षा मंत्रालय ने इन स्कूलों को चुनने के लिए बहुत कड़े मानक रखे थे। जिन स्कूलों के पास कम से कम 8-10 एकड़ जमीन, अच्छे खेल के मैदान और बेहतरीन पिछला रिकॉर्ड था, उन्हीं को ‘सैनिक स्कूल’ का दर्जा दिया गया है। इससे यह साफ है कि आपके बच्चे को यहाँ बहुत ही उच्च दर्जे की शिक्षा मिलेगी।

100 नए सैनिक स्कूलों की मुख्य विशेषताएं:

  1. लड़कियों के लिए अवसर: पुराने सैनिक स्कूलों की तरह ही इन 100 नए स्कूलों में भी लड़कियों को प्रवेश का समान अवसर मिलेगा।
  2. CBSE आधारित शिक्षा: यहाँ की पढ़ाई CBSE पैटर्न पर आधारित होगी, लेकिन इसमें ‘सैनिक स्कूल ट्रेनिंग’ का अतिरिक्त हिस्सा शामिल होगा।
  3. NDA की तैयारी: बच्चों को शारीरिक और मानसिक रूप से मजबूत बनाने के साथ-साथ NDA परीक्षा के लिए विशेष मार्गदर्शन दिया जाएगा।
  4. आधुनिक बुनियादी ढांचा: प्राइवेट स्कूलों के जुड़ने से इन स्कूलों में खेलकूद और लैब की आधुनिक सुविधाएं मिलेंगी।

एडमिशन कैसे लें? (Admission Process) इन 100 नए सैनिक स्कूलों में प्रवेश भी AISSEE (All India Sainik School Entrance Examination) के माध्यम से ही होगा। छात्रों को लिखित परीक्षा और मेडिकल फिटनेस टेस्ट पास करना अनिवार्य होगा।


Approved New Sainik Schools (State-wise List):

StateApproved School Name
Madhya PradeshSaraswati Vidya Mandir Higher Secondary School, Mandsaur
Uttar PradeshTula Ram Rajaram Saraswati Vidya Mandir, Meerut
Uttar PradeshSadhwi Ritambhara Vidya Niketan, Mathura
HaryanaRoyal International Residential School, Fatehabad
RajasthanBhartiya Public School, Sikar
GujaratAdani Vidya Mandir, Ahmedabad
BiharKeshav Saraswati Vidya Mandir, Patna
MaharashtraAhmednagar Jilha Maratha Vidya Prasarak Samaj, Ahmednagar
PunjabDayanand Public School, Nabha
HimachalRaj Laxmi Samvit Dham, Solan

List of New Sainik Schools

सरकार ने अभी तक 42 से ज्यादा स्कूलों के साथ समझौते (MoU) पर हस्ताक्षर कर दिए हैं। इन स्कूलों की पूरी लिस्ट आप Sainik School Society की आधिकारिक वेबसाइट पर देख सकते हैं। ग्वालियर और आस-पास के क्षेत्रों के लिए अच्छी खबर यह है कि मध्य प्रदेश के मंदसौर में भी नया स्कूल शुरू हो रहा है।

3. “The Prime Classes”

The Prime Classes Gwalior के साथ करें जीत की तैयारी! इन नए 100 सैनिक स्कूलों के आने से कंपटीशन और बढ़ने वाला है। The Prime Classes Gwalior में हमने इन नए स्कूलों के लिए विशेष बैच शुरू किए हैं। हमारे यहाँ अनुभवी फैकल्टी द्वारा बच्चों को AISSEE और सैनिक स्कूल एंट्रेंस की बारीकियों से अवगत कराया जाता है।90+ सिलेक्शन का हमारा रिकॉर्ड देखने के लिए यहाँ क्लिक करें।

Q1. क्या इन नए 100 सैनिक स्कूलों की फीस पुराने स्कूलों जितनी ही कम होगी?

Ans: इन स्कूलों में फीस स्ट्रक्चर पुराने सरकारी सैनिक स्कूलों से थोड़ा अलग हो सकता है, लेकिन सरकार मेधावी छात्रों के लिए ‘Academic Plus’ स्कॉलरशिप देगी ताकि शिक्षा सस्ती रहे।

Q2. क्या इन स्कूलों में भी लड़कियों का एडमिशन होगा?

Ans: हाँ, इन सभी 100 नए सैनिक स्कूलों में लड़कियों के लिए भी सीटें आरक्षित होंगी। सरकार का लक्ष्य सेना में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाना है।

Q3. PPP मोड वाले स्कूलों में बच्चों को क्या खास सुविधा मिलेगी?

Ans: इन स्कूलों में सरकारी स्कूलों के अनुशासन के साथ-साथ प्राइवेट स्कूलों जैसा मॉडर्न इंफ्रास्ट्रक्चर, स्मार्ट क्लास और एडवांस्ड स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स की सुविधा मिलेगी।

Q4. क्या इन स्कूलों से निकलने के बाद सीधे सेना (Army) में नौकरी मिलेगी?

Ans: नहीं, ये स्कूल बच्चों को NDA और अन्य डिफेंस एग्जाम्स के लिए ‘तैयार’ करते हैं। नौकरी के लिए बच्चों को NDA की परीक्षा पास करनी होगी, जिसमें यहाँ की ट्रेनिंग बहुत काम आती है।

Q5. एडमिशन के लिए बच्चे की उम्र कितनी होनी चाहिए?

Ans: कक्षा 6 में प्रवेश के लिए बच्चे की उम्र 10 से 12 वर्ष और कक्षा 9 के लिए 13 से 15 वर्ष के बीच होनी चाहिए।

Q6. क्या इन स्कूलों का बोर्ड (Board) अलग होगा?

Ans: नहीं, ये स्कूल भी CBSE बोर्ड से ही एफिलिएटेड होंगे, बस इनमें सैनिक स्कूल सोसाइटी का विशेष ट्रेनिंग मॉड्यूल अलग से जोड़ा जाएगा।

Q7. क्या सिविलियन (बिना डिफेंस बैकग्राउंड वाले) बच्चे भी यहाँ पढ़ सकते हैं?

Ans: बिलकुल! इन स्कूलों में सिविलियन और डिफेंस दोनों बैकग्राउंड के बच्चे एडमिशन ले सकते हैं।

Q8. क्या इन स्कूलों में हॉस्टल की सुविधा अनिवार्य (Compulsory) है?

Ans: हाँ, सैनिक स्कूल की असली ट्रेनिंग ही उनके रेजिडेंशियल (Residential) कल्चर में है, इसलिए यहाँ हॉस्टल में रहना अनिवार्य होता है।

Q9. ग्वालियर के आस-पास नया सैनिक स्कूल कहाँ खुला है?

Ans: मध्य प्रदेश में मंदसौर के ‘सरस्वती विद्या मंदिर’ को इस योजना के तहत मंजूरी मिली है। ग्वालियर के छात्र इसके लिए आवेदन कर सकते हैं।

Q10. इन स्कूलों की तैयारी के लिए सबसे अच्छी कोचिंग कौन सी है?

Ans: ग्वालियर में The Prime Classes अपने 1000+ सिलेक्शन रिकॉर्ड के साथ सबसे भरोसेमंद है। यहाँ इन नए स्कूलों के बदलते पैटर्न के हिसाब से तैयारी कराई जाती है।

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